चंडीगढ़, 22 मई 2026: आगामी 21 जून को होने वाली नीट (NEET) दोबारा परीक्षा को लेकर नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) पूरी तरह सतर्क है। परीक्षा में अब एक महीने से भी कम समय बचा है। ऐसे में एजेंसी ने जीरो ट्रस्ट नीति अपनाते हुए सुरक्षा के हर पहलू पर कड़ी नजर रखने का फैसला किया है।
पेपर लीक विवाद के बाद NTA अब किसी भी स्तर पर जोखिम नहीं लेना चाहती। एजेंसी कड़ी निगरानी, नियमित ऑडिट और सोशल मीडिया की सतत मॉनिटरिंग कर रही है।
सूत्रों के अनुसार मात्र 30 दिनों में इतनी बड़ी परीक्षा आयोजित करना एक बड़ी चुनौती है। आमतौर पर ऐसी परीक्षा की तैयारी में करीब छह महीने का समय लगता है। एक सूत्र ने बताया कि समय बहुत तेजी से बीत रहा है। अगर समय की कमी में कोई छोटी सी चूक भी हुई तो वह बड़ी समस्या बन सकती है।
पिछली नीट-यूजी परीक्षा में गड़बड़ी और पेपर लीक के आरोपों के बाद छात्रों व अभिभावकों में काफी गुस्सा देखा गया था। इसके बाद NTA ने दोबारा परीक्षा कराने का फैसला लिया। इस मामले की जांच अभी सीबीआई कर रही है।
एनटीए का कहना है कि उसकी जिम्मेदारी सिर्फ परीक्षा कराना ही नहीं बल्कि पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और ईमानदार रखना है।
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