दिल्ली, 07 नवंबर 2025: तमिलनाडु की डीएमके सरकार ने राज्य में SIR कराने के चुनाव आयोग के फैसले को चुनौती दी है। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। अब कोर्ट ने 11 नवंबर को इसकी सुनवाई करने का फैसला किया है।
डीएमके की ओर से वरिष्ठ वकील विवेक सिंह पेश हुए। उन्होंने मुख्य न्यायाधीश जस्टिस बीआर गवई और जस्टिस के विनोद चंद्रन की बेंच से तुरंत सुनवाई की गुजारिश की। बेंच ने याचिका को मंगलवार को लिस्ट करने को कहा है।
डीएमके के संगठन सचिव आरएस भारती ने 3 नवंबर को कोर्ट का रुख किया। उन्होंने चुनाव आयोग के तमिलनाडु में मतदाता सूची का गहन पुनरीक्षण कराने के फैसले का विरोध किया।
डीएमके ने SIR को असंवैधानिक बताया। उन्होंने इसे मनमाना कदम करार दिया है। यह लोकतांत्रिक अधिकारों के लिए खतरा है। याचिका में 27 नवंबर के नोटिफिकेशन को रद्द करने की मांग की।
याचिका में कहा है कि, एसआईआर प्रक्रिया संविधान के अनुच्छेद 14, 19 और 21 का उल्लंघन करती है। यह जनप्रतिनिधि कानून के कई नियम तोड़ती है।
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