पटना, 28 सितंबर 2026: बिहार सरकार के स्वास्थ्य विभाग द्वारा राज्य में निःशुल्क ECG जांच की सुविधा का लगातार विस्तार किया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य हृदय संबंधी संभावित समस्याओं की समय पर पहचान कर मरीजों को आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श एवं उपचार उपलब्ध कराना है।
अप्रैल 2025 से 26 सितंबर 2026 तक राज्य में कुल 11.43 लाख ECG जांच की जा चुकी हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, समय के साथ ECG जांच की संख्या में निरंतर वृद्धि दर्ज की गई है। सरकारी अस्पतालों में निःशुल्क ECG जांच कराने पर, मरीजों को 10 मिनट के भीतर जांच रिपोर्ट तकनीकी व्यख्या के साथ उपलब्ध करा दिया जाता है।
तिमाही आधार पर लगातार बढ़ी ECG जांच की संख्या
अप्रैल-जून 2025: 15,086 जांच
जुलाई-सितंबर 2025: 57,440 जांच
अक्टूबर-दिसंबर 2025: 1,43,943 जांच
जनवरी-मार्च 2026: 2,57,605 जांच
वहीं वित्तीय वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही यानी अप्रैल-जून 2026 में 3,11,903 ECG जांच की गईं। जुलाई से 26 सितंबर 2026 तक कुल 3,57,928 ECG जांच दर्ज की गई हैं।
वर्तमान में जिला अस्पतालों से लेकर प्रखंड स्तर तक कुल 606 सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में ECG जांच की सुविधा निःशुल्क उपलब्ध कराई जा रही है। इनमें जिला अस्पताल (DH), अनुमंडलीय अस्पताल (SDH), रेफरल अस्पताल (RH), सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC), प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) तथा शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (UPHC) शामिल हैं। प्रखंड एवं स्थानीय स्तर तक जांच की सुविधा उपलब्ध होने से मरीजों को अपने नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य संस्थान में ही जांच कराने की सुविधा मिल रही है।
निःशुल्क ECG सेवा के विस्तार से शहर के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को भी लाभ मिल रहा है। पहले इस जांच के लिए भी लोगों को निजी अस्पतालों तक जाना पड़ता था, लेकिन अब स्थानीय स्तर पर मुफ्त ECG जांच की सुविधा उपलब्ध होने से स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच आसान हुई है। इससे मरीजों को समय और अतिरिक्त यात्रा खर्च की बचत के साथ-साथ आवश्यक जांच समय पर कराने में सुविधा मिल रही है।
स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की यह पहल ग्रामीण एवं शहरी दोनों क्षेत्रों में मरीजों को उनके नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों पर आवश्यक जांच की सुविधा उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
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