शिमला, 08 दिसंबर 2025: हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने कांग्रेस विधायक संजय अवस्थी के खिलाफ भ्रष्टाचार और जालसाजी के पुराने मामले में प्रदेश सरकार को ताजा स्टेटस रिपोर्ट पेश करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने विशेष न्यायाधीश सोलन के आरोप तय करने के आदेश को चुनौती देने वाली अवस्थी की याचिका पर सुनवाई के दौरान यह निर्देश जारी किया।
अवस्थी ने हाईकोर्ट में अपील दायर की थी। वे 2001 में पार्षद रहते हुए हरियाणा के क्रिकेटर विक्रमजीत सिंह मलिक को झूठा हिमाचली निवास प्रमाणपत्र जारी करने के आरोपों से बचना चाहते थे। कोर्ट ने प्रथम दृष्टया पाया कि 14 मई 2001 को जारी यह प्रमाणपत्र गलत था। मलिक ने इसी के आधार पर तहसीलदार सोलन से असली बोनाफाइड हिमाचली प्रमाणपत्र हासिल किया। इससे वे हिमाचल रणजी टीम के लिए खेलने के योग्य हो गए। मलिक मूल रूप से हरियाणा के पानीपत जिले के गांव सींख के निवासी हैं।
सरकार ने पहले कोर्ट को बताया था कि अवस्थी के खिलाफ दर्ज आपराधिक मामले को वापस लेने का कोई इरादा नहीं है। चीफ जस्टिस गुरमीत सिंह संधवालीया और जस्टिस रंजन शर्मा की डिवीजन बेंच ने सुनवाई के दौरान एडवोकेट जनरल अनूप रत्तन को निर्देश दिए।
ये भी देखे: हिमाचल हाईकोर्ट ने देहरा उपचुनाव धांधली पर नोटिस जारी, CBI जांच की मांग