लखनऊ, 7 अक्टूबर 2026। उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों के लिए चुनावी तस्वीर अब लगभग साफ हो गई है। सभी 10 उम्मीदवारों के निर्विरोध चुने जाने का रास्ता साफ हो गया है। इनमें भारतीय जनता पार्टी (BJP) के 8 और समाजवादी पार्टी (SP) के 2 उम्मीदवार शामिल हैं।
समाजवादी पार्टी ने आखिरी समय में तीसरा उम्मीदवार नहीं उतारने का फैसला किया। इसके बाद उम्मीदवारों की संख्या उपलब्ध सीटों के बराबर रह गई और मतदान की जरूरत नहीं रहने की स्थिति बन गई।
BJP के 8 और SP के 2 उम्मीदवार
राज्यसभा की इन सीटों के लिए BJP ने आठ उम्मीदवार मैदान में उतारे हैं, जबकि समाजवादी पार्टी ने दो उम्मीदवारों को उतारा है। तीसरे उम्मीदवार को उतारने की स्थिति में SP को अतिरिक्त विधायकों के समर्थन की जरूरत पड़ती।
राज्यसभा चुनाव में क्रॉस-वोटिंग की संभावना भी राजनीतिक चर्चा का एक बड़ा मुद्दा थी। SP के लिए तीसरे उम्मीदवार को जिताने की कोशिश में अतिरिक्त वोट जुटाना चुनौतीपूर्ण माना जा रहा था।
अखिलेश यादव का फोकस अब 2027 पर
तीसरा उम्मीदवार नहीं उतारने के फैसले को 2027 के विधानसभा चुनाव की रणनीति से भी जोड़कर देखा जा रहा है। अखिलेश यादव पहले ही संकेत दे चुके हैं कि पार्टी का मुख्य लक्ष्य अब उत्तर प्रदेश की 403 विधानसभा सीटों वाला अगला चुनाव है।
इस फैसले से फिलहाल राज्यसभा चुनाव में सीधा मुकाबला टल गया है। अब BJP के 8 और SP के 2 उम्मीदवारों का निर्विरोध निर्वाचन लगभग तय माना जा रहा है।
यह भी देखें: पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर दर्दनाक हादसा, तीन खिलाड़ियों की मौत