चंडीगढ़, 19 अगस्त 2026: पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने स्कूली शिक्षा का साढ़े चार साल का रिपोर्ट कार्ड पेश करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली सरकार ने 2,300 करोड़ रुपये के निवेश से पंजाब की शिक्षा व्यवस्था की तस्वीर बदल दी है। इसी वजह से पंजाब स्कूली शिक्षा में सबसे आगे हो गया है और नीति आयोग की 2026-27 की रिपोर्ट में केरल से भी आगे निकल गया है।
आज पंजाब भवन में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान प्रगति रिपोर्ट पेश करते हुए शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने कहा कि 2022 से अब तक 3.64 लाख छात्र प्राइवेट स्कूलों से सरकारी स्कूलों में आए हैं, जो सरकारी स्कूलों में लोगों का बढ़ता भरोसा दिखाता है। उन्होंने इस बदलाव का श्रेय मार्च 2022 में “AAP” सरकार के सत्ता में आने के बाद सरकारी स्कूलों को मजबूत और बेहतर बनाने के लिए राज्य सरकार द्वारा की गई लगातार कोशिशों को दिया।
“AAP” के चुनावी वादे के बारे में बात करते हुए शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने कहा, “AAP के राष्ट्रीय संयोजक श्री अरविंद केजरीवाल और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान हर गांव और शहर गए थे और पंजाब में सरकारी स्कूलों की तस्वीर बदलने का मौका मांगा था। पंजाब के लोगों ने इस पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी और AAP को 92 सीटें देकर अपनी प्रगतिशील सोच का सबूत दिया। हम लोगों के इस भरोसे पर खरा उतरने की लगातार कोशिश कर रहे हैं।”
शिक्षा मंत्री ने बताया, “जब हमने 2022 में सत्ता संभाली, तो हमें पिछली सरकारों से एक जर्जर शिक्षा व्यवस्था मिली थी, जिसमें ज़्यादातर स्कूलों में बाउंड्री वॉल तक नहीं थी। 5,000 से ज़्यादा स्कूलों में इस्तेमाल लायक टॉयलेट नहीं थे। 4 लाख बच्चे ज़मीन पर बैठने को मजबूर थे। 500 स्कूलों में पीने का पानी नहीं था और छात्रों को किताबें 5 महीने की देरी से मिलती थीं। पिछली सरकारों के समय पंजाब की शिक्षा की यही असल तस्वीर थी।”
बुनियादी ढांचे में हुए बड़े बदलावों का ज़िक्र करते हुए उन्होंने कहा, “भगवंत मान सरकार ने पिछले साढ़े चार सालों में स्कूलों के बुनियादी ढांचे पर 2,300 करोड़ रुपये खर्च किए हैं, जो हर स्कूल के लिए औसतन 15 लाख रुपये बैठता है। इन सुधारों के नतीजे के तौर पर 13,920 नए शौचालय बनाए गए हैं और अब राज्य के हर स्कूल में इस्तेमाल के लायक शौचालय मौजूद है। यह पक्का करने के लिए कि किसी भी बच्चे को ज़मीन पर न बैठना पड़े, स्कूलों में 2 लाख बेंच उपलब्ध कराए गए हैं।”
उन्होंने आगे कहा, “9,000 से ज़्यादा नए क्लासरूम और लैब बनाए गए हैं, जबकि क्लासरूम में 10,000 से ज़्यादा इंटरैक्टिव पैनल लगाए गए हैं। इसके अलावा, 5,012 स्कूलों को एडवांस्ड कंप्यूटर लैब के साथ अपग्रेड किया गया है। पंजाब के सभी सरकारी स्कूलों में अब वाई-फ़ाई की सुविधा है और 99.9 प्रतिशत स्कूलों में बाउंड्री वॉल बनी हुई हैं।”
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