चंडीगढ़, 09 मार्च 2026: ईरान में आयतुल्लाह अली खामेनेई की मौत के बाद उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को देश का नया सर्वोच्च नेता चुना गया है। ईरान की 88 सदस्यीय एक्सपर्ट्स असेंबली ने निर्णायक वोट से उन्हें तीसरे सर्वोच्च नेता के रूप में नियुक्त किया। यह फैसला उनके पिता की हत्या के कुछ दिनों बाद लिया गया।
अली खामेनेई की मौत 28 फरवरी 2026 को अमेरिका-इजराइल के संयुक्त हवाई हमलों में हुई थी। इस हमले ने पूरे क्षेत्र को युद्ध की चपेट में ला दिया। मोजतबा खामेनेई अब इस्लामिक रिपब्लिक के तीसरे सर्वोच्च नेता बन गए हैं। यह 1979 की इस्लामी क्रांति के बाद पहली बार है जब सर्वोच्च नेतृत्व पिता से बेटे को मिला है।
अल जजीरा और अन्य अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार नाम की घोषणा होते ही ईरान की सेना इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) और राजनीतिक नेताओं ने तुरंत मोजतबा खामेनेई के प्रति निष्ठा की शपथ ली। IRGC ने बयान जारी कर कहा कि वे नए नेता आयतुल्लाह सैयद मोजतबा खामेनेई के हुक्म का पालन करेंगे और खुद को कुर्बान करने के लिए तैयार हैं। सेना के शीर्ष कमांडरों ने भी पूरी वफादारी का वादा किया।
संसद के स्पीकर ने इसे धार्मिक और राष्ट्रीय कर्तव्य बताया। सुरक्षा प्रमुख ने कहा कि नया नेता इस मुश्किल दौर में देश को सही दिशा दे सकता है। मोजतबा खामेनेई को कट्टरपंथी माना जाता है।
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