चंडीगढ़, 29 अगस्त 2026: दिल्ली के हजरत निजामुद्दीन से केरल के एर्नाकुलम जा रही मंगला एक्सप्रेस में शुक्रवार देर रात करीब 30 स्कूली बच्चों की अचानक तबीयत बिगड़ गई। खाना खाने के कुछ देर बाद बच्चों को उल्टी, दस्त और बुखार की शिकायत हुई। जिसमें 5 बच्चों की हालत गंभीर हो गई।
इस घटना के बाद हड़कंप मच गया। प्रशासन ने आनन-फानन में ट्रेन को खंडवा स्टेशन पर रोककर सभी बच्चों का इलाज कराया।
शुक्रवार रात ट्रेन को खंडवा स्टेशन पर करीब 50 मिनट के लिए रोका गया। रेलवे और स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने तत्काल स्टेशन पर पहुंचकर बच्चों को प्राथमिक उपचार कर दवाएं दीं। प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से बीमार 5 बच्चों सहित सभी यात्रियों को यात्रा के लिए आगे रवाना कर दिया गया।
बताया जा रहा है कि सभी बच्चों ने दोपहर में ट्रेन की पैंट्रीकार से खाना खाया था। खाना खाने के करीब 4 घंटे बाद उन्हें उल्टी-दस्त और बुखार की शिकायत होने लगी। देखते ही देखते 30 में से 5 बच्चों की हालत गंभीर हो गई। इसके बाद शुक्रवार रात करीब 9:02 बजे बच्चों के उपचार के लिए ट्रेन खंडवा स्टेशन पर रोकी गई।
जानकारी के अनुसार हजरत निजामुद्दीन से एर्नाकुलम जा रही ट्रेन नंबर 12618 मंगला एक्सप्रेस में त्रिचूर के हैप्पी कॉन्वेंट स्कूल के 30 छात्र-छात्राएं सवार थे। यह सभी छात्र दिल्ली में शैक्षणिक भ्रमण के बाद वापस लौट रहे थे।
खंडवा सीएमएचओ डॉ. ओपी जुगतावत ने बताया कि बच्चों ने दोपहर में ट्रेन की पैंट्रीकार से भोजन किया था। करीब चार घंटे बाद उन्हें दिक्कत शुरू हुई। आशंका है कि उसी भोजन से हुई फूड पॉइजनिंग की वजह से उनकी तबीयत बिगड़ी थी।
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