पंजाब सरकार ने भ्रष्टाचार की शिकायतों के लिए एंटी करप्शन एक्शन लाइन शुरू की है। सरकारी सेवाओं से जुड़े मामलों में भ्रष्टाचार और रिश्वतखोरी लंबे समय से आम लोगों के लिए एक चुनौती रही है। कई मामलों में लोगों को अपने वैध कार्यों के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ते थे और रिश्वत मांगने की शिकायतें भी सामने आती थी।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य भ्रष्टाचार के मामलों की शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया को आसान बनाना और नागरिकों को सीधे शिकायत करने का माध्यम उपलब्ध कराना है।
पंजाब सरकार ने भ्रष्टाचार से संबंधित शिकायतों के लिए व्हाट्सएप नंबर 9501 200 200 और टोल-फ्री नंबर 1800-1800-1000 जारी किए हैं।
यदि किसी सरकारी अधिकारी या कर्मचारी द्वारा रिश्वत मांगने का आरोप है, तो शिकायतकर्ता उपलब्ध ऑडियो, वीडियो या अन्य साक्ष्य इन माध्यमों से साझा कर सकता है। सरकार के अनुसार, शिकायत मिलने के बाद संबंधित मामले की जांच की जाती है और आवश्यक होने पर आगे की कार्रवाई की जाती है।
इस व्यवस्था का उद्देश्य शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया को अधिक सुलभ बनाना है, ताकि लोगों को अलग-अलग कार्यालयों में जाने की आवश्यकता कम हो।
पंजाब सरकार का कहना है कि एंटी करप्शन एक्शन लाइन पर प्राप्त शिकायतों के आधार पर कई मामलों में कार्रवाई की गई है। जांच के बाद विभिन्न मामलों में अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमे दर्ज किए गए हैं तथा कुछ मामलों में गिरफ्तारियां भी की गई हैं।