पंजाब सरकार की युद्ध नशों विरुद्ध अभियान, 68 हजार से अधिक एफआईआर, 92 हजार से ज्यादा गिरफ्तारियां

by Manu
युद्ध नशों विरुद्ध अभियान

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार राज्य में नशा तस्करी के खिलाफ ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान चला रही है। इस अभियान के तहत पंजाब पुलिस द्वारा नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई, नियमित छापेमारी और अवैध संपत्तियों की जब्ती के साथ आम लोगों की भागीदारी बढ़ाने पर भी ध्यान दिया जा रहा है।

पंजाब सरकार ने एंटी-ड्रग हेल्पलाइन नंबर 9779100200 शुरू किया है। इस पर व्हाट्सएप के माध्यम से नशा तस्करी और इससे जुड़ी आपराधिक गतिविधियों की जानकारी दी जा सकती है। सरकार के अनुसार, सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान गोपनीय रखी जाती है।

पंजाब सरकार के उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान के तहत अब तक 68,389 से अधिक एफआईआर दर्ज की गई हैं और 92,264 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

पुलिस कार्रवाई के दौरान 5,480 किलोग्राम से अधिक हेरोइन जब्त की गई है। इसके अलावा नशा तस्करी से जुड़ी करीब 760 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की गई है और 64 हवाला ऑपरेटरों को गिरफ्तार किया गया है।

नशे के खिलाफ अभियान में स्थानीय स्तर पर लोगों की भागीदारी बढ़ाने के लिए पंजाब में ‘विलेज डिफेंस कमेटियां’ और ‘वार्ड डिफेंस कमेटियां’ बनाई हैं। इन समितियों में 1.5 लाख से अधिक सदस्य जुड़े हुए हैं।

इन समितियों का उद्देश्य गांवों और शहरी वार्डों में संदिग्ध नशा गतिविधियों से जुड़ी जानकारी पुलिस और प्रशासन तक पहुंचाना है। सरकार के आंकड़ों के अनुसार, इन समितियों से मिली जानकारी के आधार पर 600 से अधिक नशा तस्करों को गिरफ्तार किया गया है।

स्थानीय लोगों की भागीदारी इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि गांव, मोहल्ले और वार्ड स्तर पर रहने वाले लोग अपने क्षेत्र में होने वाली संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी प्रशासन तक जल्दी पहुंचा सकते हैं।

‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान के तहत पुलिस कार्रवाई केवल नशीले पदार्थों की बरामदगी और गिरफ्तारी तक सीमित नहीं है। सरकार के अनुसार, नशा तस्करी से अर्जित अवैध संपत्तियों को जब्त करने और अवैध निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई भी की जा रही है।

ये भी देखे: सांझा सुनेहा सम्मेलन ने पंजाब की नशा विरोधी मुहिम ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ को और मजबूत किया

You may also like