चंडीगढ़, 21 अप्रैल 2026: पंजाब सरकार द्वारा शुरू किया गया राज्यव्यापी गैंगस्टर-विरोधी अभियान ‘‘गैंगस्टरां ते वार’ के अब तीन महीने पूरे कर चुका है। यह अभियान पंजाब पुलिस द्वारा मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की देखरेख में और DGP गौरव यादव के नेतृत्व में चलाया जा रहा है। यह ऑपरेशन एक समन्वित कार्रवाई के मॉडल के रूप में उभरा है, जिसका स्पष्ट उद्देश्य पंजाब को अपराध-मुक्त बनाना है; इसके तहत भारत और विदेशों में सक्रिय गैंगस्टर नेटवर्क को निशाना बनाया जा रहा है।
20 जनवरी को शुरू किए गए इस अभियान का मकसद न केवल गैंगस्टरों को गिरफ्तार करना था, बल्कि उनके लॉजिस्टिक्स नेटवर्क, फंडिंग और संचार प्रणालियों को भी बाधित करना था।
पिछले तीन महीनों में, यानी 19 अप्रैल तक, पंजाब पुलिस ने पूरे राज्य में 62,302 छापे मारे, जिनमें 915 फरार अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। कुल मिलाकर 22,605 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें 461 गैंगस्टरों के सहयोगी और 22,144 वांछित आरोपी शामिल थे।
इस ऑपरेशन के तहत निवारक कार्रवाई पर भी काफी ज़ोर दिया गया। कुल 10,254 आरोपियों को निवारक हिरासत में लिया गया, जिनमें 444 सहयोगी और 9,810 वांछित आरोपी शामिल थे। इसके अलावा, 16,439 लोगों से पूछताछ की गई और उन्हें रिहा कर दिया गया; इनमें 1,277 सहयोगी और 15,162 वांछित आरोपी शामिल थे। कुल मिलाकर, इस ऑपरेशन के दौरान 49,298 आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की गई, जिनमें 2,182 सहयोगी और 47,116 वांछित आरोपी शामिल हैं। यह आंकड़ा इस ऑपरेशन की व्यापकता और गहराई को दर्शाता है।
गिरफ्तारियों के साथ-साथ भारी मात्रा में हथियार और विस्फोटक भी बरामद किए गए, जिससे आपराधिक नेटवर्क की कार्यक्षमता कमज़ोर पड़ी। इस अवधि के दौरान पुलिस ने 408 हथियार, 148 धारदार हथियार, 1197 कारतूस, 122 मैगज़ीन, 2.5 किलोग्राम विस्फोटक और 6 हैंड ग्रेनेड बरामद किए।
इस ऑपरेशन ने नशीले पदार्थों के नेटवर्क को भी एक बड़ा झटका दिया है। पुलिस ने 378.45 किलोग्राम हेरोइन, 301.947 किलोग्राम अफीम, 2,838.77 किलोग्राम पोस्त के छिलके, 12,37,318 नशीली गोलियां, 7373.82 ग्राम नशीला पाउडर, 101.459 किलोग्राम गांजा और 790 ग्राम ‘IEC’ बरामद किया। इसके अलावा, 1,05,31,171 रुपये की ड्रग मनी, 50,66,740 रुपये की नकदी और 273 ग्राम सोना भी जब्त किया गया।
अवैध व्यापार पर नकेल कसते हुए, पुलिस ने 24,520.25 लीटर अवैध शराब भी जब्त की, जिसमें 10,984.75 बोतलें और 176 कार्टन शामिल थे। गैंगस्टरों के लॉजिस्टिक्स नेटवर्क को तोड़ने के लिए 4,229 मोबाइल फोन, 815 वाहन और 31 ड्रोन बरामद किए गए।
एंटी-गैंगस्टर टास्क फोर्स के ADGP प्रमोद बान ने कहा, “यह ऑपरेशन सिर्फ गैंग या उनके नेटवर्क की पहचान करने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका मुख्य उद्देश्य उन्हें जड़ से खत्म करना है। राज्य के नागरिकों की सुरक्षा और भलाई के लिए इस ऑपरेशन को तेज करने के लिए हर पुलिसकर्मी प्रतिबद्ध है। इस दौरान, हर जिले, गांव और शहर में स्थानीय गैंगस्टर नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है।”
उन्होंने आगे कहा, “इस अभियान को तीन महीनों में बड़ी सफलता मिली है। अब न केवल गैंगस्टर, बल्कि उनके समर्थक भी कार्रवाई से डर रहे हैं। पुलिस की सक्रिय भूमिका और गिरफ्तारियों व बरामदगी का स्तर इस अभियान की सफलता को दर्शाता है।”
नशीले पदार्थों के खिलाफ चल रहे अभियान से प्रेरणा लेते हुए, पंजाब सरकार ने इस अभियान को संगठित अपराध पर एक व्यापक कार्रवाई के रूप में तैयार किया है। इस ऑपरेशन में अपराधियों को ट्रैक करने और उन पर नज़र रखने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सहित आधुनिक तकनीकों को शामिल किया गया है। नागरिकों की भागीदारी को प्रोत्साहित करने और विश्वसनीय जानकारी के लिए इनाम देने हेतु एक एंटी-गैंगस्टर हेल्पलाइन (93946-93946) भी शुरू की गई है।
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