शिमला, 01 जनवरी 2026: हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने नववर्ष के मौके पर प्रदेशवासियों को नया संकल्प दिया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की तरफ से भ्रष्टाचार के चोर दरवाजे बंद करने और 40 वर्ष पुरानी व्यवस्था को बदलने से हिमाचल प्रदेश वर्ष 2032 तक देश का सबसे समृद्धशाली और अमीर राज्य बन जाएगा।
मुख्यमंत्री सुक्खू अपने सरकारी आवास ओकओवर में नववर्ष की पूर्व संध्या पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि शुरू में लिए गए कड़े फैसलों का असर अब तीन वर्ष बाद धरातल पर दिखने लगा है। जिस संपदा को पहले कौड़ियों के भाव लुटाया जाता था, उसे बचाने से प्रदेश की आर्थिकी में सुधार हो रहा है।
सीएम ने कहा कि कई अर्थशास्त्री यह चर्चा करते होंगे कि हिमाचल को आत्मनिर्भर कैसे बनाया जा सकता है। इसका सीधा उत्तर यह है कि सरकार ने 75 लाख जनता की संपदा को लुटने नहीं दिया। पूर्व भाजपा सरकार ने हिमाचल पर 76 हजार करोड़ रुपये का कर्ज और छठे वेतन आयोग की 10,000 करोड़ रुपये की देनदारियां छोड़कर गईं। प्रतिकूल वित्तीय हालात के बावजूद सरकार ने नियमों में आम लोगों के हित में बदलाव किए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की आर्थिकी पटरी पर आने के बाद युवाओं को रोजगार देने और महिलाओं को सम्मान देने के रास्ते में आ रही अड़चनें दूर होंगी। लोगों को सुविधाएं देने की दिशा में जो नियम-कानून अड़चन डाल रहे हैं, उनको बदला जाएगा। हिमाचल प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बढ़ते कदम अब रुकेंगे नहीं।
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