किसान नेता जगजीत डलेवाल की हालत नाजुक, कभी भी हो सकते हैं मिनी अस्पताल में दाखिल

- किसानों ने डलेवाल के समर्थन में देश भर में की भूख हड़ताल

by TheUnmuteHindi
किसान नेता जगजीत डलेवाल की हालत नाजुक, कभी भी हो सकते हैं मिनी अस्पताल में दाखिल

किसान नेता जगजीत डलेवाल की हालत नाजुक, कभी भी हो सकते हैं मिनी अस्पताल में दाखिल
– किसानों ने डलेवाल के समर्थन में देश भर में की भूख हड़ताल
चंडीगढ़, 21 दिसम्बर :
खनौरी बार्डर पर किसानों की मांगों को ले कर मरन व्रत पर बैठे संयुक्त किसान मोर्चा गैर राजनैतिक के प्रधान जगजीत सिंह डलेवाल का मरन व्रत आज 26वें दिन में पहुँच गया है। उनकी हालत बेहद नाजुक है और सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के बाद उन को किसी भी पल उन के टैंट के साथ बनाए अस्पताल में दाखिल किया जा सकता है परन्तु किसान इसका बड़ा विरोध कर रहे हैं।
जगजीत सिंह डलेवाल ने इस मौके कहा कि वह 25 दिनों से शहादत देने के लिए मरन व्रत पर बैठे हैं और इस रास्ते की आखिरी मंजिल एमएसपी का गारंटी कानून या मेरी मौत है, मैं अपने आखिरी सांसों तक इस मार्ग पर चलता रहूंगा। आज जगजीत सिंह डल्लेवाल के मरन व्रत के समर्थन में आज देश भर में सांकेतिक भूख हड़ताल की गई और खनौरी बार्डर पर भी हरियाणा के 6 किसान बिजेंदर महारा, सुरेंद्र सिंह, बलजीत सिंह, बिजेंदर सिंह, रविन्द्र सिंह और दलबीर सिंह आज दोपहर 12 बजे से कल दोपहर 12 बजे तक 24 घंटों की भूख हड़ताल पर बैठे हैं। कल नाजुक हालत में होने के बावजूद किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल वीडियो कान्फ्रेंस के द्वारा माननीय सुप्रीम कोर्ट की कार्यवाही के साथ जुड़े हुए थे परन्तु इसके बावजूद उन को अपने विचार पेश करने के लिए समय नहीं दिया गया। इसके बाद उन्होंने आज अपनी सभी मांगों पर विचार सुप्रीम कोर्ट को भेज दिए हैं।
लुका छिपी का खेल बंद करना चाहिए : सरवन पंधेर
उधर दूसरी से किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने आज कहा है कि केंद्र को किसानों के साथ लुका छिपी का खेल बंद करना चाहिए और एमएसपी समेत समुची मांगों को मानना चाहिए। उन्होंने कहा कि हम डटेंगे या मरेंगे नहीं तो अपनी मांगें मनवा कर जाएंगे। उन्होंने कहा कि 30 दिसंबर का पंजाब बंद का न्योता अटल है और पंजाब होगा व इससे बिना संघर्ष और भी तीखा होगा।

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