किसान नेता सिरसा के इलाज में राजिंदरा अस्पताल में लापरवाही के कारण पड़ा घमासान

बलदेव सिरसा को मारने की साजिश रची : हो समुचे मामले की जांच

by TheUnmuteHindi
किसान नेता सिरसा के इलाज में राजिंदरा अस्पताल में लापरवाही के कारण पड़ा घमासान

किसान नेता सिरसा के इलाज में राजिंदरा अस्पताल में लापरवाही के कारण पड़ा घमासान
– बलदेव सिरसा को मारने की साजिश रची : हो समुचे मामले की जांच
– किसान नेताओं ने कहा बलदेव सिरसा का 7 दिन से नहीं किया कोई इलाज
पटियाला, 20 फरवरी : कुछ दिन पहले खनौरी बार्डर में अटैक आने के बाद राजिन्दरा अस्पताल पटियाला में दाखिल करवाए गए प्रसिद्ध किसान नेता बलदेव सिंह सिरसा का अस्पताल प्रशाशन की तरफ से सही इलाज न करनेे के कारण आज पूरी तरह इस मुद्दे को ले कर घसमान मचा रहा। किसान नेताओं ने इस समुचे मामले की मुख्य मंत्री पंजाब से जांच की माँग करते एम. एस. राजिन्दरा अस्पताल खिलाफ सख्त कार्यवाही की माँग की है।
किसान जत्थेबंदियां और परिवार की तरफ से आज अस्पताल प्रशासन पर इलाज में लापरवाही करने और बलदेव सिंह सिरसा को साजिश के अंतर्गत मारने के दोष लगाए हैं, जिसके चलते परिवार वालों की तरफ से बलदेव सिंह सिरसा को यहां से छुट्टी करवा कर अन्य अस्पताल में दाखिल करवाया गया है।
इस सम्बन्धित जानकारी देते बलदेव सिंह सिरसा के बेटे मेहताब सिंह ने बताया कि उनके पिता को 12 फरवरी को दूसरी बार हार्ट अटैक आया था, जिस उपरांत उनको राजिन्दरा अस्पताल में दाखिल करवाया था और उन के स्टंट पडऩा था परन्तु पिछले 8 दिनों के दौरान बलदेव सिंह सिरसा का कोई इलाज नहीं किया गया। उन्होंने अस्पताल के एमएस डॉ. गरीश साहनी पर आरोप लगाया कि एमएस की तरफ से गुमराह करते इलाज में लापरवाही की गई है, जिस उपरांत परिवार की तरफ से फैसला किया गया है कि अब उनका इलाज गुरू रामदास अस्पताल अमृतसर साहिब में करवाया जाएगा। उन्होंने कहा कि परिवार ने डाक्टरों को यहां तक कह दिया था कि जो स्टंट पडऩा है उसके पैसे कंपनी के खाते में सीधे डाल देंगे परन्तु डाक्टरों ने न पैसे लिए और न ही सही इलाज किया।
साजिश के अंतर्गत किसान नेता को मारने की हुई कोशिश : लखविन्दर औलख
एम. एस. की भूमिका की हो जांच
इस सम्बन्ध में खनौरी मोर्चे के नेताओं लखविन्दर सिंह ओखल और अन्य नेताओं ने राजिन्दरा अस्पताल के मैडीकल सुपरडैंट पर इलाज में लापवाही करने के आरोप लगाते कहा है कि सही इलाज न होने के कारण बलदेव सिंह सिरसा की हालत गंभीर बन गई थी, जिस कारण उनको शिफ्ट करना पड़ा है। किसान नेतावा ने कहा कि 14, 15, 16 तीन तारिखों में उनको स्टंट डालने के बहाने लगाए परन्तु नहीं डाला गया। इसके बाद 17 को समय भी दे दिया गया कि स्टंट डाला जाएगा परन्तु नहीं डाला गया। 18 तारीख को भी 9 बजे आपरेशन थिएटर ले जाने का समय दिया गया परन्तु नहीं डाला गया। उन्होंने कहा कि हैरानी है कि हम बलदेव सिंह सिरसा को 8 दिनों के बाद अमृतसर अस्पताल में शिफट किया, जहां पहुँचने पहुंचने के लिए समय लगा और जाते ही उनका आप्रेशन करके तीन स्टंट डाल दिए गए तथा उनकी हालत खतरे से बाहर है।
मुख्यमंत्री पंजाब दें जांच के आदेश और करें सखत कार्यवाही
किसान नेता लखविन्दर सिंह औलख ने कहा कि राजिन्दरा अस्पताल के एमएस की भूमिका की जांच की जाये क्योंकि एमएस की तरफ से हर रोज स्टंट डालने का लारा लगा कर कई दिन समय निकाला जाता रहा है। उन्होंने बताया कि अब बलदेव सिंह सिरसा को गुरू रामदास अस्पताल अमृतसर साहिब में दाखिल करवा कर स्टंट डाले गए हैं और उपचाराधीन हैं। उन्होंने कहा कि यह बेहद मन्दभागी घटना है कि 8 दिन एक किसान नेता का कोई इलाज ही नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि यदि हम बलदेव सिंह सिरसा को श्री गुरु रामदास अस्पताल में सिफट न करते तो कोई भी अप्रिय घटना घट सकती थी।
डाक्टर साहनी ने दोषों को किया रद्द
इस सम्बन्धित राजिन्दरा अस्पताल के एमएस डॉ. गरीश साहनी ने कहा कि सभी देश बेबुनियाद हैं और किसान नेता बलदेव सिंह सिरसा का सही इलाज चल रहा था परन्तु परिवार की मर्जी अनुसार उन को राजिन्दरा अस्पताल में से शिफ्ट किया गया है। डॉ. साहनी ने कहा कि उन के लिए सभी मरीज एक समान हैं और किसी के साथ भी कोई भेदभाव नहीं किया जाता चाहे मरीज किसी भी धर्म का हो।

You may also like