नई दिल्ली, 17 मार्च : सोमवार को तीन दिवसीय रायसीना डायलाग का उद्घाटन देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा जल्द किया जा रहा है, जिसमें कई देशों से मंत्री साहिबान भी हिस्सा लेंगे। जानकारी के अनुसार इस समारोह में भू-राजनीति और भू-अर्थशास्त्र पर भारत के इस प्रमुख सम्मेलन में 125 देशों के प्रतिनिधि शामिल होंगे। न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन, अमेरिकी राष्ट्रीय खुफिया निदेशक तुलसी गबार्ड और यूक्रेन के विदेश मंत्री आंद्रेई सिबिहा इस सम्मेलन के 10वें संस्करण में भाग लेने वालों में शामिल हैं। सूत्रों ने बताया कि पहली बार ताइवान के एक वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी सहित एक प्रतिनिधिमंडल के इस सम्मेलन में भाग लेने की उम्मीद है। यह पिछले कुछ वर्षों में दोनों पक्षों के बीच बढ़ते सहयोग को दर्शाता है। समारोह दौरान प्रधानमंत्री लक्सन उद्घाटन सत्र में मुख्य भाषण देंगे। रायसीना डायलॉग का आयोजन ऑब्जर्बर रिसर्च फाउंडेशन द्वारा विदेश मंत्रालय की साझेदारी से किया जा रहा है। विदेश मंत्रालय ने रविवार को बताया कि इसमें विभिन्न देशों के प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे, जिनमें मंत्री, पूर्व राष्ट्राध्यक्ष व शासनाध्यक्ष, सैन्य कमांडर, उद्योग व प्रौद्योगिकी क्षेत्र के अगुआ, शिक्षाविद, पत्रकार, रणनीतिक मामलों के जानकार एवं अग्रणी थिंक टैंक के विशेषज्ञ शामिल हैं।
यह देश लेंगे हिस्सा
जानकारी के अनुसार अधिकारियों का कहना है कि 20 देशों के विदेश मंत्री इसमें हिस्सा ले रहे हैं। यूक्रेन के विदेश मंत्री की भारत यात्रा ऐसे समय हो रही है जब अमेरिका रूस के साथ अस्थायी युद्धविराम कराने का प्रयास कर रहा है। उनके अलावा क्यूबा, स्लोवेनिया, लक्जेमबर्ग, लिकटेंस्टीन, लाटविया, मोल्दोवा, जॉर्जिया, स्वीडन, स्लोवाक गणराज्य, भूटान, मालदीव, नार्वे, थाईलैंड, एंटीगुआ व बारबुडा, पेरू, घाना, हंगरी और मॉरीशस के विदेश मंत्री भी डायलॉग में हिस्सा लेंगे।