लुधियाना, 27 अगस्त 2025: पंजाब एवं चंडीगढ़ कॉलेज शिक्षक संघ (PCCTU) ने पंजाब सरकार की नीतियों के खिलाफ राज्यभर के 136 सहायता प्राप्त कॉलेजों में मंगलवार को दो पीरियड का विरोध प्रदर्शन किया। शिक्षकों का आरोप है कि सरकार की उपेक्षा के कारण पंजाब में उच्च शिक्षा संकट में है। लुधियाना के 22 सहायता प्राप्त कॉलेजों में भी शिक्षकों ने प्रदर्शन कर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
PCCTU के जिला अध्यक्ष डॉ. चमकौर सिंह ने बताया कि पिछले पांच महीनों से सरकार ने अनुदान जारी नहीं किया, जिसके चलते प्रोफेसरों को बिना वेतन के गुजारा करना पड़ रहा है। जिला सचिव डॉ. सुंदर सिंह ने कहा कि हाईकोर्ट के आदेश पर की गई नियुक्तियों पर रोक लगाना सरकार का शिक्षा विरोधी रुख दर्शाता है। डॉ. रोहित ने आरोप लगाया कि अनुदान को 95% से घटाकर 75% करने से कॉलेजों की आर्थिक स्थिति बदहाल हो गई है।
डॉ. रमन शर्मा ने सरकार पर सरकारी और सहायता प्राप्त कॉलेजों को कमजोर कर निजी संस्थानों को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। वहीं, डॉ. वरुण गोयल ने 7वें वेतन आयोग को लागू न करने और ग्रेच्युटी जैसे लाभ न देने पर सवाल उठाए।
PCCTU ने चेतावनी दी है कि यदि मांगें पूरी नहीं हुईं, तो 27 से 29 अगस्त तक सभी कॉलेजों में दो घंटे का धरना दिया जाएगा। इसके बाद 2 सितंबर को जिला स्तर पर कैंडल मार्च और 5 सितंबर को मोहाली में राज्य स्तरीय धरना आयोजित किया जाएगा। शिक्षकों ने सरकार से तत्काल कार्रवाई की मांग की है, ताकि उच्च शिक्षा की गुणवत्ता और शिक्षकों का भविष्य सुरक्षित हो सके।
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