Operation Rising Lion: इजरायली हमले में ईरान के टॉप सैन्य कमांडर समेत कई वैज्ञानिकों की मौत

by Manu
Operation Rising Lion

Israel Attack Iran: Operation Rising Lion:  इजरायल द्वारा ईरान की राजधानी तेहरान में किए गए हवाई हमले ने मध्य पूर्व में तनाव को चरम पर पहुंचा दिया है। इस हमले में इजरायल रक्षा बल (IDF) ने ईरान के दो प्रमुख परमाणु केंद्रों नतांज़ और खंदाब वही तेहरान के आसपास छह सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया।

ईरान की सरकारी मीडिया और अंतरराष्ट्रीय स्रोतों के अनुसार, इस हमले में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के कमांडर-इन-चीफ मेजर जनरल हुसैन सलामी, ईरानी सशस्त्र बलों के चीफ ऑफ स्टाफ मेजर जनरल मोहम्मद बाघेरी, खातम अल-अंबिया मुख्यालय के कमांडर जनरल घोलामअली रशीद, परमाणु वैज्ञानिक फेरेयदून अब्बासी (पूर्व परमाणु ऊर्जा संगठन प्रमुख), और मोहम्मद मेहदी तहरांची (इस्लामिक आज़ाद विश्वविद्यालय के अध्यक्ष) सहित कई शीर्ष सैन्य अधिकारी और वैज्ञानिक मारे गए।

इजरायल का ऑपरेशन राइजिंग लायन (Operation Rising Lion)

इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने इस हमले को “ऑपरेशन राइजिंग लायन” (Operation Rising Lion) नाम दिया, जिसे उन्होंने ईरान के परमाणु और सैन्य ढांचे को नष्ट करने के लिए एक दीर्घकालिक अभियान बताया। IDF के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल एफी डेफ्रिन ने कहा कि 200 से अधिक युद्धक विमानों ने 100 से ज्यादा ठिकानों पर हमला किया। नेतन्याहू ने दावा किया कि यह “इजरायल के अस्तित्व के लिए ईरानी खतरे को खत्म करने” का लक्षित अभियान है। IDF के अनुसार, ईरान के पास 15 परमाणु हथियार बनाने लायक संवर्धित यूरेनियम है, जो क्षेत्र के लिए “अस्तित्व का खतरा” है।

ईरान ने भी किया ड्रोन और मिसाइल अटैक

हमले के कुछ घंटों बाद, ईरान ने जवाबी कार्रवाई शुरू की। IDF के अनुसार, ईरान ने इजरायल की ओर 100 से अधिक ड्रोन और मिसाइलें दागीं, जिन्हें इजरायली वायु रक्षा प्रणाली द्वारा रोकने की कोशिश की जा रही है। ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई ने इजरायल को “कठोर सजा” और “कड़वा और दर्दनाक परिणाम” भुगतने की चेतावनी दी। ईरानी विदेश मंत्रालय ने अमेरिका पर हमले में सहयोग का आरोप लगाया, जिसे अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने खारिज कर दिया।

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