बेंगलुरु, 01 जुलाई 2025: सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल (CAT) ने बेंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम में हुए भगदड़ मामले में सस्पेंड किए गए आईपीएस अधिकारी विकास कुमार को बहाल कर दिया है। यह भगदड़ 4 जून 2025 को रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की आईपीएल 2025 जीत के जश्न के दौरान हुई थी, जिसमें 11 लोगों की मौत और 75 लोग घायल हुए थे।
बेंगलुरु भगदड़ पर CAT का बयान
CAT ने अपने फैसले में हादसे की जिम्मेदारी RCB पर डाली है, क्योंकि उन्होंने बिना पुलिस की अनुमति के सोशल मीडिया पर अचानक विक्ट्री परेड की घोषणा कर दी, जिससे 3-5 लाख लोग स्टेडियम के बाहर जमा हो गए। ट्रिब्यूनल ने कहा कि पुलिस को इतनी भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पर्याप्त समय नहीं दिया गया। CAT ने यह भी टिप्पणी की कि “पुलिस न तो भगवान है और न ही जादूगर, जिसके पास अलादीन का चिराग हो कि वह पलक झपकते व्यवस्था कर ले।”
इसके साथ ही, CAT ने कर्नाटक सरकार को निर्देश दिया कि वह इस मामले में सस्पेंड किए गए दो अन्य आईपीएस अधिकारियों—पूर्व बेंगलुरु पुलिस आयुक्त बी. दयानंद और डीसीपी शेखर एच. टेक्कन्नावर—के निलंबन की समीक्षा करे। सूत्रों के मुताबिक, इन अधिकारियों को भी जल्द बहाल किया जा सकता है।
विकास कुमार, जो उस समय बेंगलुरु के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (पश्चिम) थे, ने अपनी याचिका में कहा था कि उन्हें बिना उचित प्रक्रिया के बलि का बकरा बनाया गया। CAT ने उनके पक्ष में फैसला सुनाते हुए निलंबन रद्द कर दिया और उनकी निलंबन अवधि को ड्यूटी के रूप में मानने का आदेश दिया।
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